सुप्रीम कोर्ट ने चार साल की बच्ची से रेप और हत्या के अपराधी की मौत की सजा रखी बरकरार

By: | Last Updated: Wednesday, 26 November 2014 3:24 PM

नयी दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने चार साल की बच्ची से रेप के बाद पत्थर से उसकी हत्या करने वाले 53 वर्षीय मुजरिम की मौत की सजा बरकरार रखते हुये आज कहा कि यह ‘समाज की आत्मा’ के खिलाफ अपराध है और ऐसा अपराध हमेशा ही समस्या बना रहेगा.

 

जज दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने अपने फैसले में कहा, ‘‘नाबालिग बच्ची से रेप और कुछ नहीं बल्कि अंधेरे में पाशविक हरकत से उसकी इज्जत को धूल धूसरित करना है. यह कन्या के समूचे शरीर और समाज की आत्मा के प्रति अपराध है और इसे करने के तरीके से यह अपराध अधिक गंभीर हो जाता है.’’

 

शीर्ष अदालत ने कहा कि यह मामला विरले में भी विरलतम श्रेणी में आता है. इसके साथ ही कोर्ट ने 2008 के नागपुर के रेप और हत्या के इस मामले में मुजरिम वसंत संपत दुपारे को मौत की सजा सुनाने के निचली अदालत और बंबई हाई कोर्ट का फैसला बरकरार रखा.

 

कोर्ट ने इस मामले के घटनाक्रम का जिक्र करते हुये कहा कि दोषी पड़ोसी था और वह बच्ची को प्रलोभन देकर ले गया. इसके बाद उसने बच्ची से रेप के बाद दो भारी पत्थरों से उसकी हत्या कर दी. कोर्ट ने कहा कि मासूम बच्ची को जो चोट पहुंचायी गयीं उससे मानव चेतना भी सिहर गयी.

 

कोर्ट ने कहा कि यह अपराध किसी मानसिक दबाव या भावनात्मक परेशानी में नहीं किया गया था और यह सोचना गलत होगा कि उसका सुधार हो सकता है और वह फिर ऐसा अपराध नहीं करेगा.

Crime News से जुड़े हर समाचार के लिए हमे फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर फॉलो करें साथ ही हमारा Hindi News App डाउनलोड करें
Web Title: crime_rape_supreme court
Explore Hindi News from politics, Bollywood, sports, education, trending, crime, business, साथ ही साथ और भी दिलचस्प हिंदी समाचार
और जाने: crime rape supreme court
First Published:

Get the Latest Coupons and Promo codes for 2017