world mental health day: तनाव की वजह से हो सकते हैं ये नुकसान, बचने के लिए अपनाएं ये उपाय

world mental health day: तनाव की वजह से हो सकते हैं ये नुकसान, बचने के लिए अपनाएं ये उपाय

By: | Updated: 10 Oct 2017 01:01 PM

नई दिल्लीः लगभग हर किसी के लिए तनाव का स्तर दिन-दिन बढ़ रहा है. बहुत ही कम लोग ऐसे होंगे जो तनाव के शारीरिक और मानसिक प्रभाव से बच पाते हो. क्या आप जानते हैं कि आपका शरीर और वातावरण दोनों ही आपके तनाव के स्तर में योगदान कर सकते हैं? चलिए, आज ‘वर्ल्ड मेंटल हेल्थ डे’ के मौके पर जानते हैं तनाव शरीर को कैसे प्रभावित करता है. लंबे समय तक तनाव में रहने से शरीर में कौन-कौन सी समस्याएं हो सकती हैं.


तनाव के कारण हो सकती हैं ये बीमारियां-
तनाव के लक्षण आपके स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकते हैं. तनाव के कारण सिरदर्द, नींद ना आने की समस्या, वजन बढ़ने की समस्या या काम की उत्पादकता कम होना, ये सब कुछ हो सकता है. तनाव के लक्षण आपके शरीर, आपके विचारों, भावनाओं और आपके व्यवहार को प्रभावित कर सकते हैं. यदि तनाव अनियंत्रित हो जाए तो  हाई ब्लड प्रेशर, हार्ट डिजीज़, मोटापा और डायबिटीज जैसी कई स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं.


मांसपेशियों में दर्द:
तनाव से मांसपेशियों में अकड़ने और दर्द हो सकता है. ये बढ़कर स्केलेटोस्क्युलर विकार का रूप भी ले सकता है.


श्वसन कम आना:
यदि आपको श्वास या अस्थमा जैसी बीमारियों में परेशानी होती है तो यह काफी महत्वपूर्ण है कि आप तनाव से दूर रहें. तनाव अधिक होने पर आपको सांस लेने में मुश्किल हो सकती है या फिर श्वसन तंत्र पर दबाव पड़ सकता है. यह तनाव के दीर्घकालिक प्रभावों में से एक है.


हार्ट ट्रबल्स:
अध्ययनों से पता चला है कि तनाव का स्तर बहुत बढ़ने से हार्ट डिजीज़ हो सकती हैं और दिल का दौरा भी पैदा तक पड़ सकता है.


तनाव और सेक्स:
यह दोनों पुरुषों और महिलाओं को प्रभावित कर सकता है. तनाव के कारण कामेच्छा, इच्छा और पुरुषों में प्रदर्शन करने की क्षमता प्रभावित हो सकती है. कुछ मामलों में पुरुषों को इरेक्शन की दिक्कतें भी हो सकती है.


तनाव का व्यक्तिगत कारण:
तनाव आंतरिक और बाहरी दोनों कारकों के कारण हो सकता है. यदि आप बाह्य तनाव से निपटते हैं, तो आपको स्थिति से दूर जाने की जरूरत है. तनाव के आंतरिक या व्यक्तिगत कारण से निपटने के लिए कठिन हो सकता है


तनाव से निपटने के लिए अपना ये उपाय:
जीवन में तनाव से निपटने का एक आसान तरीका है ध्यान लगाना. ध्यान यानि मेडीटेशन करने से आपको अपने जीवन में शांति और संतुलन बनाने में मदद मिलेगी.


नोट: ये रिसर्च के दावे पर हैं. ABP न्यूज़ इसकी पुष्टि नहीं करता. आप किसी भी सुझाव पर अमल या इलाज शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें.

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