असम में हिंसा की प्रधानमंत्री ने की निंदा, कहा- हालात ठीक करने के लिए उठाए जाएं जरूरी कदम

असम में हिंसा की प्रधानमंत्री ने की निंदा, कहा- हालात ठीक करने के लिए उठाए जाएं जरूरी कदम

By: | Updated: 03 May 2014 10:14 AM

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने कहा कि सिंह असम की स्थिति पर बराबर निगाह बनाए हुए हैं. उन्होंने गृहमंत्री सुनील कुमार शिंदे और असम के मुख्यमंत्री तरूण गोगोई से बात है तथा उन्हें निर्देश दिए हैं कि वे गड़बड़ी वाले इलाकों में हालात ठीक करने के लिए फौरन कदम उठा जाएं .

 

पीएमओ ने एक बयान में कहा, ‘‘प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने असम में हिंसा की निन्दा की है जिसमें कई मूल्यवान जानें चली गई हैं और बड़ी संख्या में लोग घायल हुए हैं .’’

 

प्रधानमंत्री सिंह ने कहा कि उन्हें असम की घटनाओं से आधात लगा है और पीड़ा हुई है. सिंह ने कहा, ‘‘इस तरह के हमले हमारे नागरिकों में भय और आतंक फैलाने का कायराना प्रयास हैं .’’ असम के बोडोलैंड क्षेत्रीय प्रशासनिक जिला :बीटीएडीसी: क्षेत्र में एनडीएफबी.सोंगबिजित के उग्रवादियों द्वारा की गई हिंसा में कम से कम 32 लोग मारे गए हैं .

 

लोगों से शांति रखने और अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा है कि केंद्र सरकार और राज्य सरकार कानून व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने तथा स्थिति सामान्य करने के लिए सभी कदम उठाए उठाएगी .

 

मनमोहन के हवाले से बयान में कहा गया, ‘‘सरकार आतंकवाद के सभी स्वरूपों से लड़ने के लिए कटिबद्ध है . आतंकी ताकतों को परास्त करने के लिए केंद्र सरकार सभी कदम उठाने में राज्य सरकार की मदद करेगी .’’ उन्होंने कहा, ‘‘असम के लोगों ने पहले भी साहस और दृढ़ता के साथ आतंकी हमलों का सामना किया है. उन्होंने आम चुनाव के लिए बड़ी संख्या में मतदान किया और मुझे विश्वास है कि वे दृढतापूर्वक आतंकवाद का मुकाबला करेंगे. ’’ इसके पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार शिवशंकर मेनन ने मुद्दे पर प्रधानमंत्री को जानकारी दी .

 

मनमोहन राज्यसभा में असम का प्रतिनिधित्व करते हैं और 24 अप्रैल को उन्होंने वहां अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया था .

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