एएसआई से मारपीट के आरोप में दो विधायकों पर केस

एएसआई से मारपीट के आरोप में दो विधायकों पर केस

By: | Updated: 19 Mar 2013 09:43 PM


मुंबई:
महाराष्ट्र विधानभवन
परिसर में मुंबई पुलिस के
ट्रैफिक असिस्टेंट पुलिस
इंस्पेक्टर सचिन सूर्यवंशी
की पिटाई के मामले में आरोपी
दो विधायकों क्षितिज ठाकुर
और राम कदम की गिरफ्तारी हो
सकती है. इस मामले में 14 लोगों
के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई
है.

महाराष्ट्र विधान भवन
परिसर में महाराष्ट्र पुलिस
के ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर
सचिन सूर्यवंशी की पिटाई केस
में आज का दिन बेहद अहम रहने
वाला है. मुंबई पुलिस की
क्राइम ब्रांच एमएनएस के
विधायक राम कदम और निर्दलीय
विधायक क्षितिज ठाकुर को
गिरफ्तार कर सकती है.

क्या
है मामला ?

आरोप है कि
एएसआई सचिन सूर्यवंशी ने
सोमवार को बांद्रा वर्ली सी
लिंक पर बने टोल नाके पर
निर्दलीय विधायक क्षितिज
ठाकुर की ओवर स्पीड कार को
रोका था. क्षितिज ठाकुर का
कहना है कि ट्रैफिक पुलिस के
एएसआई ने उनके साथ बदतमीजी
की.

क्षितिज ठाकुर ने इस
घटना की एक वीडियो क्लिप भी
बनाई जिसके आधार पर वो ये
दावा कर रहे हैं. क्षितिज
ठाकुर ने इसी को लेकर
विशेषाधिकार हनन का नोटिस
दिया था.

मामले पर एएसआई
की सफाई जानने के लिए गृह
मंत्री आर आर पाटिल ने इन्हें
विधान भवन बुलाया था. यहीं पर
विजिटर गैलरी में कुछ
विधायकों ने एएसआई के साथ
मारपीट की.

मुंबई पुलिस के
कमिश्नर के मुताबिक एएसआई ने
उसकी पिटाई करने वाले दो
विधायकों एमएनएस के राम कदम
और निर्दलीय क्षितिज ठाकुर
को पहचाना है. हालांकि दोनों
विधायक मारपीट की घटना से
इनकार कर रहे हैं.

विधानसभा
अध्यक्ष इस मामले पर पुलिस और
साथ ही महाराष्ट्र की जनता से
माफी मांग चुके हैं. आईपीएस
एसोसिएशन ने भी मुख्यमंत्री
पृथ्वीराज चव्हाण से मिलकर
आपत्ति दर्ज कराई.
मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश
दे दिए हैं.

जांच के बाद ही
ये साफ होगा कि आखिर गलती
किसकी है. लेकिन विधान भवन
परिसर जैसी सुरक्षित जगह पर
जब विधायकों और पुलिस
अधिकारी के बीच मारपीट की
घटना हो रही है तो पूरे
महाराष्ट्र में पुलिस को
नेताओं के रौब के आगे किन
हालात में काम करना पड़ता
होगा, अंदाजा लगाया जा सकता
है.




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