क्या कांग्रेस कर रही है मुलायम के साथ सौदेबाजी?

By: | Last Updated: Saturday, 20 July 2013 1:54 AM

नई
दिल्ली:
क्या समाजवादी
पार्टी के मुखिया मुलायम
सिंह यादव पर लगा आय से अधिक
संपत्ति का केस हटाया जाएगा ?
सूत्रों के मुताबिक केंद्र
सरकार ने इसके पूरे इंतजाम कर
लिए हैं.

अब सिर्फ सीबीआई डायरेक्टर
रंजीत सिन्हा के क्लोजर
रिपोर्ट फाइल करने की देर है.
सूत्रों के मुताबिक ये सब
किया जा रहा है भोजन अधिकार
बिल पर मुलायम का समर्थन पाने
की खातिर.

केंद्र सरकार पर सीबीआई के
इस्तेमाल के आरोप अकसर लगते
रहते हैं लेकिन सूत्रों की
मानें तो कांग्रेस इस बार
सीबीआई के सहारे सबसे बड़ा
दांव चलने की फिराक में है.

दरअसल कांग्रेस को संसद से
भोजन का अधिकार बिल पास कराने
के लिए मुलायम सिंह यादव के
समर्थन की जरूरत है.

कांग्रेस इस बिल को चुनावी
नजरिये से गेम चेंजर मान रही
है लिहाजा बिल हर हाल में पास
कराना चाहती है. सूत्र बता
रहे हैं भोजन अधिकार बिल पर
समाजवादी पार्टी के समर्थन
के लिए कांग्रेस ने अब मुलायम
सिंह यादव से सबसे बड़ी
सौदेबाजी की है.

सूत्रों के मुताबिक
कांग्रेस ने मुलायम को आय से
अधिक संपत्ति का केस हटाने का
भरोसा दिया है. खबर है कि
सीबीआई डायरेक्टर रंजीत
सिन्हा को कांग्रेस ने
मुलायम पर आय से अधिक संपत्ति
के केस पर क्लोजर रिपोर्ट
फाइल करने के लिए कहा है.

प्रतिक्रियाएं

इस खबर पर एबीपी न्यूज ने
समाजवादी पार्टी से
प्रतिक्रिया लेने की कोशिश
भी की लेकिन फिलहाल उन्होने
कुछ कहने से इनकार कर दिया.

भोजन अधिकार बिल पर मुलायम और
कांग्रेस के बीच हो रही
सौदेबाजी की खबरों के बीच
विपक्षी दलों ने एक बार फिर
कांग्रेस औऱ मुलायम पर
मिलीभगत का आरोप लगाया है.

भोजन अधिकार बिल पर मुलायम के
समर्थन के लिए सीबीआई के जरिए
सौदेबाजी की खबरों को
कांग्रेस नकार रही है.
कांग्रेस का कहना कि मुलायम
पर आय से अधिक संपत्ति का
मामला अभी कोर्ट में है
लिहाजा इस पर टिप्पणी करना
गलत है.

क्लोजर रिपोर्ट की तैयारी
पर सीबीआई की प्रतिक्रिया

मुलायम पर लगे आय से अधिक
संपत्ति केस में सीबीआई जांच
अंतिम चरण में है, इस बारे में
सीबीआई का कहना है कि अपनी
जांच रिपोर्ट वो सुप्रीम
कोर्ट को ही देगी.

सीबीआई के मुताबिक मुलायम पर
लगे आय से अधिक संपत्ति केस
की जांच कोर्ट के दिशा
निर्देश पर की जा रही है और
जांच अंतिम चरण में है. इस पर
अंतिम फैसला लिया जाना बाकी
है.

सीबीआई की प्रवक्ता धारिणी
मिश्रा ने बताया कि सीबीआई
अपने अंतिम फैसले से सबसे
पहले सुप्रीम कोर्ट को ही
अवगत कराएगी.

दरअसल आय से अधिक संपत्ति
मामले में मुलायम और उनके
परिवार के खिलाफ विश्वनाथ
चतुर्वेदी की अर्जी के बाद 8
दिसंबर 2012 को सुप्रीम कोर्ट
ने सीबीआई को निर्देश दिया था
कि वो स्वतंत्र जांच कर बताए
कि मुलायम और उनके परिवार के
खिलाफ केस बनता है या नहीं.

सीबीआई ने अपना दायरा 1993 से
लेकर 2005 तक पर केंद्रित किया
माना जाता है कि यही वो समय है
जब मुलायम और उनके परिवार ने
सबसे ज्यादा संपत्ति अर्जित
की थी.

सीबीआई ने अपनी प्राथमिक
जांच में सुप्रीम कोर्ट में
जो स्टेटस रिपोर्ट फाइल की थी
उसमें मुलायम और उनके
परिजनों के खिलाफ आय से अधिक
संपत्ति का केस बनने का जिक्र
किया था लेकिन इस पर अभी तक
कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई
है.

India News से जुड़े हर समाचार के लिए हमे फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर फॉलो करें साथ ही हमारा Hindi News App डाउनलोड करें
Web Title: क्या कांग्रेस कर रही है मुलायम के साथ सौदेबाजी?
Explore Hindi News from politics, Bollywood, sports, education, trending, crime, business, साथ ही साथ और भी दिलचस्प हिंदी समाचार
First Published:

Get the Latest Coupons and Promo codes for 2017