बाग़ी हुए जसवंत सिंह, बीजेपी से टिकट नहीं मिलने के बाद बाड़मेर से निर्दलीय भरा पर्चा

By: | Last Updated: Monday, 24 March 2014 3:15 AM

नई दिल्ली:  टिकट ना मिलने से नाराज बीजेपी नेता जसवंत सिंह ने बाड़मेर सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर पर्चा दाखिल कर दिया.

 

हालांकि, अब तक उन्होंने पार्टी छोड़ने का एलान नहीं किया है. लेकिन दूसरी तरफ बीजेपी का कहना है कि जसवंत सिंह को मना लिया जाएगा.

 

 

आपको बता दें कि नामांकन दाखिल करने से पहले जसवंत सिंह ने कहा था कि उनका टिकट काटना दरअसल बाड़मेर की जनता का अपमान है.

 

दरअसल मामला यह है कि बीजेपी के इस वरिष्ठ नेता ने सरेआम बाड़मेर से चुनाव लड़ने की इच्छा जाहिर की थी और कहा था कि वे अपनी ज़िंदगी का आखिरी चुनाव अपने पैतृक स्थान से लड़ना चाहते हैं, लेकिन बीजेपी ने इसका सम्मान नहीं किया और कांग्रेस से आए नेता सोनाराम चौधरी को टिकट दे दिया.

 

जसवंत सिंह का कहना है कि आज की बीजेपी पर उन्हें हंसी आती है और पार्टी ने सिद्धांतों को पीछे छोड़ दिया है.

 

क्यों नहीं दिया गया टिकट?

 

जसवंत सिंह को टिकट नहीं दिए जाने और उनकी नाराजगी पर अरुण जेटली ने कहा, ”टिकट देने, या नहीं देने का फैसला पार्टी का होता है. जेटली ने कहा कि सभी को पार्टी के फैसले को स्वीकार करना चाहिए.”

 

मुख्तार अब्बास नकवी ने जसवंत सिंह की नाराजगी पर कहा कि, ”टिकट का फैसला पार्टी का है, जसवंत का पार्टी में अहम योगदान रहा है. पार्टी में जसवंत सिंह का पूरा सम्मान है.”

 

माना जाता है कि राजस्थान की सीएम वसुंधराराजे सिंधिया की वजह से जसवंत सिंह का टिकट काटा गया है.