मुस्लिम टोपी विवाद पर मोदी ने दिया ये जवाब

मुस्लिम टोपी विवाद पर मोदी ने दिया ये जवाब

By: | Updated: 12 Apr 2014 10:31 AM
नई दिल्ली: भाजपा के चुनाव प्रचार में 10,000 करोड़ रूपये खर्च होने के कांग्रेस के आरोपों पर नरेंद्र मोदी ने कहा है कि वह इन आरोपों में किसी भी सरकारी एजेंसी से कोई भी जांच कराये जाने को तैयार हैं. उन्होंने इस संबंध में खुद चुनाव आयोग को लिखने की पेशकश भी की.

 

उन्होंने कहा कि संप्रग सरकार के पास 30-40 दिन अभी बचे हैं और वह जांच कराने के लिए तथा इसे जल्दी से जल्दी पूरा कराने के लिए अपनी सारी शक्ति लगा ले.

 

प्रधानमंत्री पद के भाजपा के उम्मीदवार ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी के इन आरोपों को ‘झूठ’ करार दिया कि उन्होंने किसानों की जमीन को सस्ती दरों पर औद्योगिक घरानों को दे दिया. मोदी का गुब्बारा फूटने संबंधी राहुल की टिप्पणी पर भी भाजपा नेता ने जवाब दिया और कहा कि अगर उनके विकास के दावे झूठे होते तो जनता उन्हें बार बार नहीं चुनती.

 

 

इंडिया टीवी पर ‘आप की अदालत’ कार्यक्रम में रजत शर्मा को दिये साक्षात्कार में गुजरात के मुख्यमंत्री से कांग्रेस नेताओं, खासकर आनंद शर्मा के इस आरोप के बारे में सवाल किया गया था कि उन्होंने इस चुनाव में प्रचार पर कुल 10,000 करोड़ रूपये खर्च किये हैं और इसमें से 90 प्रतिशत पैसा काला धन है.

 

 

मोदी ने जवाब दिया, ‘‘10,000 करोड़ रूपये बड़ी रकम है. सरकार के पास अभी 30-40 दिन हैं. वे अपनी सारी शक्ति लगा लें और किसी भी एजेंसी से जांच का आदेश दे दें. उन्हें पता लगाना चाहिए कि यह किसका पैसा है. यह कहां से आया और कहां खर्च किया गया.’’ उन्होंने कहा कि जब देश के सामने सच आएगा तो उन्हें खुशी होगी.

 

 

मोदी ने कहा कि अगर आनंद शर्मा के आरोपों में कोई दम है वह सबसे पहले चुनाव आयोग को लिखें और आयोग भी इसकी जांच करा ले कि भाजपा ने चुनाव प्रचार में कितना खर्च किया है और इसमें कितना काला धन है.

 

प्रधानमंत्री पद के भाजपा के उम्मीदवार मोदी ने कहा, ‘‘अगर जांच कराने में चुनाव आचार संहिता कहीं आड़े आती है तो मैं खुद चुनाव आयोग को लिखकर दे सकता हूं कि अगर सरकार चुनाव के बीच में मेरी जांच कराना चाहती है तो मुझे कोई आपत्ति नहीं है.’’ किसानों की जमीन कौड़ियों के दाम बड़े औद्योगिक घरानों को देने के राहुल गांधी के आरोपों पर मोदी ने कहा कि इस तरह के इल्जाम सिर्फ राजनीति से प्रेरित और झूठे हैं.

 

 

उन्होंने टाटा की नैनो कार परियोजना का जिक्र करते हुए कहा कि उसे एक इंच भी जमीन मुफ्त नहीं दी गयी.

 

 

राहुल गांधी की टिप्पणी ‘‘मोदी गंजे को भी कंघी बेच सकते हैं’’ पर भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार ने चुटकी लेते हुए कहा कि उन्होंने कभी कंघी नहीं बेची लेकिन चाय जरूर बेची है.

 

उन्होंने कहा, ‘‘राहुल गांधी का बयान कांग्रेस के भीतर फैले इस डर को दिखाता है कि मोदी ऐसा भी कर सकते हैं.’’ कुछ साल पहले एक मुस्लिम मौलवी की ओर से सिर पर टोपी पहनने के आग्रह को स्वीकार नहीं करने को लेकर उठे विवाद के बारे में पूछे जाने पर मोदी ने कहा, ‘‘अगर टोपी पहनना एकता की निशानी के तौर पर देखा जाता है तो मैंने कभी महात्मा गांधी, सरदार पटेल या पंडित जवाहरलाल नेहरू को इस तरह की टोपी पहने हुए नहीं देखा.’’

 

 

उन्होंने कहा, ‘‘दरअसल भारतीय राजनीति में एक विकृति आई है कि तुष्टीकरण के लिए कुछ भी करो.’’

 

भाजपा नेता ने कहा, ‘‘मेरा काम है सब संप्रदायों का सम्मान करना, सबकी परंपराओं का सम्मान करना. पर मेरी जो परंपरा है उसको भी स्वीकार करना. मैं मेरी परंपराओं को लेकर जीता हूं, सभी की परंपराओं का सम्मान करता हूं. इसलिए मैं यह टोपी पहनकर फोटो निकालकर लोगों की आंखों में धूल झोंकने का काम नहीं कर सकता. लेकिन कोई अगर किसी की टोपी उछालता है तो उसे कड़ी से कड़ी सजा हो, इसका मैं मन (ऐसा मैं विचार) रखता हूं.’’

फटाफट ख़बरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर और डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App
Web Title:
Read all latest India News headlines in Hindi. Also don’t miss today’s Hindi News.

First Published:
Next Story मुंबई: डॉक्टरों की निगरानी में हैं गोवा के सीएम पर्रिकर, हालत सामान्य