यूपी में भी 'आप' ने वैज्ञानिक, डॉक्टर, पत्रकार और समाजसेवियों को चुनाव मैदान में उतारा

यूपी में भी 'आप' ने वैज्ञानिक, डॉक्टर, पत्रकार और समाजसेवियों को चुनाव मैदान में उतारा

By: | Updated: 21 Mar 2014 03:29 AM

लखनऊ: एक साल के अंदर तेजी से उभरी आम आदमी पार्टी (आप) ने उत्तर प्रदेश से वैज्ञानिक, डाक्टर, पत्रकार और समाजसेवियों को लोकसभा चुनाव मैदान में उतारा है. आप की घोषित सूची में ज्यादातर ऐसे हैं, जो पहली बार चुनाव लड़ रहे हैं या गैर राजनीतिक पृष्ठभूमि से आकर राजनीति में सक्रिय हैं. इस सूची में सर्वाधिक चर्चित नाम कवि कुमार विश्वास का है.

 

कुमार विश्वास पढ़ाई के पेशे से जुड़े रहे हैं. अन्ना आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने के बाद आप के खेमे में आए और फिर दिल्ली विधानसभा चुनाव में अपनी महत्वपूर्ण सेवाएं दी. उसके बाद पार्टी ने कुमार विश्वास को कांग्रेस के उपाध्यक्ष राहुल गांधी के खिलाफ अमेठी से अपना प्रत्याशी घोषित किया है.

 

इसी तरह गोरखपुर विश्वविद्यालय के तीन बार वीसी (वाईस चांसलर) रह चुके वैज्ञानिक प्रो. राधेमोहन मिश्र रिटायर होने के बाद पहले बीजेपी से जुड़े फिर सामाजिक कार्य करने लगे. अन्ना आंदोलन शुरू हुआ तो आंदोलन में कूद पड़े, फिर अरविंद केजरीवाल से जुड़ गए. अब पार्टी ने उन्हें गोरखपुर की प्रतिष्ठित लोकसभा सीट से बीजेपी सांसद योगी आदित्यनाथ के खिलाफ प्रत्याशी बनाया है.

 

इसी प्रकार गोरखपुर और फिर लखनऊ की पत्रकारिता से जुड़े मुकुल त्रिपाठी को भी आप ने फरुखाबाद से केंद्रीय विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद के खिलाफ प्रत्याशी बनाया है. शारीरिक रूप से विकलांग त्रिपाठी को फरुखाबाद से प्रत्याशी बनाए जाने के पीछे यह तर्क दिया जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की विकलांगों के लिए कार्य करने वाली स्वयंसेवी संस्था पर आप संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे.

 

आप ने वकीलों और किसानों के लिए संघर्ष करने वाले सोमेंद्र ढाका को केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री अजित सिंह के खिलाफ बागपत से प्रत्याशी बनाया है. ऐसे ही गैर राजनीतिक पृष्ठभूमि से जुड़े किसान नेता योगेश दहिया को सहारनपुर से बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) सांसद जगदीश राणा के खिलाफ प्रत्याशी बनाया गया है.

 

इसी क्रम में आप ने रिटायर्ड पीसीएस अधिकारी और राष्ट्रीय लोक दल (आऱएलडी) के प्रदेश अध्यक्ष रहे बाबा हरदेव सिंह को भी समाजवादी पार्टी (एसपी) मुखिया मुलायम सिंह यादव के खिलाफ प्रत्याशी बनाया है. बाबा हरदेव की छवि एक अच्छे अधिकारी के रूप में ज्यादा, राजनेता के रूप में कम है.

 

इसी तरह कानपुर के वरिष्ठ आंखों के डॉक्टर महमूद हुसैन रहमानी को कानपुर से आप प्रत्याशी घोषित किया गया है. इसी कड़ी में फ़ैमिली कोर्ट से वीआरएस लेकर आप से जुड़ने वाले सीनियर जज अरुण कुमार त्रिपाठी को पार्टी ने देवरिया से टिकट दिया है तो करगिल शहीद आशीष शुक्ला के भाई सेना के सेवानिवृत्त अफसर अशोक शुक्ला को प्रतापगढ़ और सिविल इंजीनियर और सामाजिक पेशे से जुड़े साबिर राही को अलीगढ़ से टिकट मिला है.

 

इसके अलावा आप ने करगिल युद्ध में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले डाक्टर हिमांशु सिंह को मेरठ से टिकट दिया है. ऐसे ही सामाजिक कार्यकर्ता और आप के पीएसी सदस्य व हरदोई के पूर्व सांसद इलियास आजमी को लखीमपुर से प्रत्याशी घोषित किया गया हैं.

 

कुशीनगर से सामाजिक कार्यकर्ता अखंड प्रताप सिंह, डुमरियागंज से बदरेआलम और उन्नाव से आप के जिला संयोजक समाजसेवी अरविंद कुमार कमल को प्रत्याशी घोषित किया है. इसी तरह कई ऐसे गैर राजनीतिक पृष्ठभूमि के लोग पार्टी से जुड़े हैं, जो टिकट मिल गया तो चुनाव लड़ेंगे नहीं तो आप के लिए काम करेंगे.

 

सुलतानपुर से शशिभद्र, गोंडा से मसूद आलम, लखनऊ की व्यवसायी मीरा सिंह, सेवानिवृत्त कैप्टन अरुण वर्मा, बैंकर राजीव पांडेय, शिक्षक अंशुमाली शर्मा, रसायन विज्ञान के शिक्षक वेद प्रकाश राय, वरिष्ठ डाक्टर डा. प्रमोद राय (एमडी), रिटायर्ड आईएएस अधिकारी राम अवतार, सीनियर सर्जन डा. संतोष कुमार, सीनियर हृदय रोग विशेषज्ञ डा. निर्मल गुप्ता, रिसर्च छात्रा श्रद्धा सिंह राजपूत, रिसर्च छात्र डा. वैभव दुबे, शिक्षक राजीव तिवारी, बैंकर ए.आर.वर्मा, ए.के.धवन, सामाजिक कार्यकर्ता सत्येंद्र कुमार, रिजवान अहमद, इंदु चतुर्वेदी, वरिष्ठ अधिवक्ता देवी प्रसाद, रिटायर कर्नल सलिल शुक्ला, ट्रेड यूनियन स्कूटर इंडिया के नेता आर.के.नायर, डेंटिस्ट डा. रिशी राघव और फोरेंसिक विशेषज्ञ डा. आभास कुमार सिंह प्रमुख हैं.

फटाफट ख़बरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर और डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App
Web Title:
Read all latest India News headlines in Hindi. Also don’t miss today’s Hindi News.

First Published:
Next Story 'ट्रक चोरी’ करने वाले सुल्तान को अखिलेश ने ऑफ़िस में ही रोक दिया