सोनिया के सांप्रदायिक बयान पर EC की चुप्पी का सवाल उठाते मोदी ने फिर दोहराया पिंक रिवॉल्यूशन का राग

By: | Last Updated: Thursday, 3 April 2014 8:49 AM

नई दिल्ली: चुनाव के पहले चरण की शुरुआत में अब महज़ चंद दिन बाकी रह गए हैं. चुनाव के दिन नज़दीक आने के साथ ही चुनावी जंग की तस्वीर बदलती सी दिख रही है.

 

बीजेपी के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने गाज़ियाबाद की रैली में जिस तरह एक बार फिर पिंक रिवॉल्यूशन ज़िक्र किया, एक्सपर्ट के मुताबिक साफ है कि इसके बहाने वह सियासत का नया खेल खेलने की जुगात में हैं.

 

इसके साथ ही मोदी ने सोनिया के सांप्रदायिक बयान पर चुनाव आयोग की कथित चुप्पी पर भी सवाल खड़े किए. मोदी ने कहा, ” सोनिया के सांप्रदायिक बयान पर क्यों चुनाव आयोग चुप्प है, खुद संज्ञान लेकर करे कार्रवाई .”

 

ग़ाज़ियाबाद से बीजेपी के उम्मीदवार और पूर्व सेनाध्यक्ष जनरल वीके सिंह के लिए वोट मांगने आए मोदी ने क्षेत्र के इंद्रिपुरम में यों तो अपनी बात में किसानों का दर्द बयान किया, लेकिन इसी बहाने पिंक रिवॉल्यूशन का ज़िक्र जोड़ते चले गए.

 

मोदी ने यूपीए सरकार पर पिंक रिवॉल्यूशन करने वालों को सब्सिडी देने का आरोप लगाते रैली में शामिल लोगों से पूछा, “क्या आप जानते हैं, पिंक रिवॉल्यूशन क्या होता है?.. नहीं न… यूपीए सरकार आपको अंधेरी में रख रही है… पिंक रिवॉल्यूशन का मतलब होता है गुलाबी क्रांति, यानी जब पशु काटते हैं तो मांस का कलर गुलाबी होता है यही है पिंक रिवॉल्यूशन.”

 

इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि देश में बड़ी संख्या में लोग नॉन वेज हैं, लेकिन मांस का एक्सपोर्ट बड़ी मात्रा में होता है और इससे जो मांस खाने वाले हैं उन्हें काफी महंगा मिलता है.

 

मोदी ने कहा कि अगर यही हाल रहा तो पैसे की लालच में किसान अपने पशु बेच देंगे और किसानों का हाल बुरा हो जाएगा.

 

 

मोदी ने आरोप लगाया कि पिंक रिवॉल्यूशन करने वालों को यूपीए सरकार सब्सिडी देती है. हालांकि, मोदी ने नाम नहीं लिया कि ये कौन लोग हैं, लेकिन उनके निशाने पर कौन थे ये पैगाम देने में कामयाब हो गए.