2014 में सड़क दुर्घटना में हर घंटे हुई 36 लोगों की मौत

By: | Last Updated: Sunday, 19 July 2015 3:00 AM
36 deaths every hour: NCRB

नई दिल्ली: भारत में पिछले वर्ष प्राकृतिक आपदाओं के कारण हर घंटे दो लोगों की मौत हुई, जबकि सड़क दुर्घटना से हर घंटे मरने वाले लोगों की संख्या 36 रही. आधिकारिक आंकड़ों से यह खुलासा हुआ.

 

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) की शुक्रवार को जारी दुर्घटना एवं खुदकुशी के कारण होने वाली मौतों पर रिपोर्ट- 2014 के अनुसार, पिछले वर्ष देश में प्राकृतिक आपदा के कारण कुल 20,000 लोगों की मौत हुई, जबकि अप्राकृतिक मौतों की संख्या 3,16,828 रही.

 

अप्राकृतिक मौतों में 12.8 फीसदी मौतें बिजली गिरने से, 6.2 फीसदी मौतें गर्मी और लू से तथा 4.5 फीसदी मौतें ठंड के कारण हुईं.

 

रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2014 के दौरान अप्राकृतिक कारणों से कुल 6,36,509 लोगों की मौत के मामले सामने आए.

 

इन मौतों का सबसे बड़ा कारण सड़क दुर्घटनाएं रहीं. डूबने, दुर्घनावश लगी आग, गिरने और बिजली का झटका लगने से हुई मौतों के अलावा सड़क दुर्घटना के कारण अकेले 53.4 फीसदी मौतें हुईं.

 

पिछले वर्ष देश में आग लगने के कुल 20,377 मामले सामने आए, जिसमें 19,513 लोगों की मौत हो गई, जबकि 1,889 लोग झुलस गए.

 

2013 की अपेक्षा 2014 में सड़क दुर्घटना के कारण मरने वाले लोगों की संख्या में 12.8 फीसदी का इजाफा हुआ.

 

2013 में सड़क दुर्घटना में 4,00,517 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 2014 में यह बढ़कर 4,51,757 हो गई.

India News से जुड़े हर समाचार के लिए हमे फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर फॉलो करें साथ ही हमारा Hindi News App डाउनलोड करें
Web Title: 36 deaths every hour: NCRB
Explore Hindi News from politics, Bollywood, sports, education, trending, crime, business, साथ ही साथ और भी दिलचस्प हिंदी समाचार
और जाने: NCRB
First Published:

Get the Latest Coupons and Promo codes for 2017