धारा-377 समलैंगिकों की मानसिक स्थिति को नष्ट कर रही है: शाह

By: | Last Updated: Tuesday, 17 February 2015 3:04 AM

नई दिल्ली: विधि आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति एपी शाह ने आज कहा कि समलैंगिकों से जुड़े मौजूदा कानून देश में समलैंगिकों की मानसिक स्थिति को नुकसान पहुंचा रहे हैं. उन्होंने कहा कि धारा-377 भेदभाव है और यह व्यक्ति की निजता और गरिमा को ठेस पहुंचाती है.

 

वह ऑस्ट्रेलिया हाईकोर्ट के पूर्व न्यायाधीश माइकल किर्बी की किताब ‘सेक्सुअल आरिएंटेशन और जेंडर आइडेंटिटी’ के विमोचन अवसर पर बोल रहे थे. यह आयोजन सोसाइटी ऑफ इंडिया लॉ फर्म द्वारा यहां हयात रेजंसी में किया गया.

India News से जुड़े हर समाचार के लिए हमे फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर फॉलो करें साथ ही हमारा Hindi News App डाउनलोड करें
Web Title: article 377 demorlising the mental condition of gay, lesbians
Explore Hindi News from politics, Bollywood, sports, education, trending, crime, business, साथ ही साथ और भी दिलचस्प हिंदी समाचार
First Published:

Get the Latest Coupons and Promo codes for 2017