‘‘क्या दंगों में लोगों को मारने वालों को फांसी नहीं दी जानी चाहिए?’’

By: | Last Updated: Sunday, 26 July 2015 5:21 PM

हैदराबाद: AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया कि गुजरात की तत्कालीन नरेंद्र मोदी सरकार ने अभियोजन से गोधरा कांड के बाद वर्ष 2002 में हुए दंगों के एक मामले में दोषी पूर्व मंत्री मायाबेन कोडनानी और बजरंग दल के नेता बाबू बजरंगी के लिए मौत की सजा का दबाव नहीं बनाने के लिए कहा था.

 

हैदराबाद से लोकसभा सदस्य ने सवाल किया कि क्या दंगों के दौरान हत्याएं करने के लिए जिम्मेदार लोगों को मौत की सजा नहीं होनी चाहिए? आल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लमीन (AIMIM) के नेता ने आरोप लगाया कि माया कोडनानी और बाबू बजरंगी को एक अदालत ने दोषी ठहराया और उन्हें 92 लोगों की हत्या के संबंध में उम्रकैद की सजा सुनाई. अभियोजन फांसी की सजा चाहता था. लेकिन गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री मोदी ने अभियोजन से (हाईकोर्ट के) आदेश के खिलाफ अपील नहीं करने के लिए कहा और सजा उम्रकैद ही रह गई.

 

ओवैसी ने सवाल किया, ‘‘क्या 92 लोगों को मारने वालों को मृत्युदंड नहीं मिलना चाहिए?.. मृत्युदंड कब दिया जाना चाहिए?’’ वह AIMIM के पूर्व प्रमुख सुल्तान सलाहुददीन ओवैसी की सातवीं पुण्यतिथि के मौके पर कल रात यहां जनसभा को संबोधित कर रहे थे.

 

नरौदा पाटिया नरसंहार मामले में अगस्त 2012 में गुजरात की एक अदालत ने भाजपा की पूर्व मंत्री माया कोडनानी और बजरंगी को उम्रकैद की सजा सुनाई थी.

India News से जुड़े हर समाचार के लिए हमे फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर फॉलो करें साथ ही हमारा Hindi News App डाउनलोड करें
Web Title: Asaduddin Owaisi
Explore Hindi News from politics, Bollywood, sports, education, trending, crime, business, साथ ही साथ और भी दिलचस्प हिंदी समाचार
First Published:

Get the Latest Coupons and Promo codes for 2017