Gujarat Assembly Elections: hardik patel's ten close friends likely to contest in election कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं हार्दिक के 10 साथी

कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं हार्दिक के 10 साथी

हार्दिक पटेल के करीबी और पाटीदार आरक्षण समिति की पहली पंक्ति के 10 नेता चुनाव लड़ने का मन बना चुके हैं.

By: | Updated: 11 Nov 2017 09:31 AM
Gujarat Assembly Elections: hardik patel’s ten close friends likely to contest in election
गांधीनगर: पाटीदार नेता हार्दिक पटेल भले ही अपने आप को राजनीति से दूर रखने की बात कर रहे हों, लेकिन एबीपी न्यूज़ को मिली जानकारी के मुताबिक़ हार्दिक के 10 साथी कांग्रेस की टिकट पर चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं.

गुजरात की सत्ता से करीब दो दशक से बाहर कांग्रेस इस बार जीतने का कोई मौका छोड़ना नहीं चाहती है. लिहाजा गुजरात की सियासत में दखल बढ़ा चुके हार्दिक पटेल को अपने पाले में करने के लिए कांग्रेस मीटिंग दर मीटिंग कर रही है. हार्दिक के कांग्रेस को समर्थन की बात तो करीब करीब पक्की है, लेकिन खुद हार्दिक पटेल के चुनाव लड़ने पर संशय कायम है. हालाकिं उम्र का हवाला देकर हार्दिक चुनाव लड़ने से मना कर चुके हैं.

जानकारी के मुताबिक, हार्दिक पटेल के करीबी और पाटीदार आरक्षण समिति की पहली पंक्ति के 10 नेता चुनाव लड़ने का मन बना चुके हैं. ये लोग हार्दिक और पाटीदारों का गढ़ रहे उत्तर सौराष्ट्र से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं.

कांग्रेस के टिकट पर चुनावी मैदान में उतरने वाले खास चेहरों के नाम

  1. दिलीप साबवा


दिलीप साबवा सौराष्ट्र में अमानत आंदोलन के अगुवा हैं. शिक्षक की नौकरी छोड़कर वह हार्दिक के साथ आरक्षण की लड़ाई में कूद गए थे. कांग्रेस अगर इन्हें टिकट देती है तो यह बोटाद से चुनवा लड़ सकते हैं.

  1. ललित वसोया


ललित राजनीति में नए नहीं हैं. वह सौराष्ट्र में समिति के संयोजक हैं और राजकोट जिले में बीजेपी के उपाध्यक्ष रह चुके हैं.

  1. गीता पटेल


गीता पटेल अनामत आंदोलन की अकेली महिला संयोजक हैं और हार्दिक के सबसे भरोसेमंद साथी रही हैं वह अहमदाबाद के बटवा से चुनाव लड़ सकती हैं.

  1. मनोज पनारा


मनोज पनारा सौराष्ट्र के मोरबी में संयोजक हैं. वह सूरत में अमित शाह की एक सभा में हंगामे के बाद सुर्खियों में आए थे. हंगामे के बाद मनोज को गिरफ्तार कर लिया गया था. मनोज मोरबी सीट से चुनाव लड़ सकते हैं.

हार्दिक के करीबियों में ये वो खास लोग हैं, जो कांग्रेस के टिकट मिलने पर चुनावी किस्मत आजमाना की तैयारी में है. ये बात और है कि हार्दिक के लड़ाके बीजेपी को कितना नुकसान पहुंचाएंगे ये 18 दिसंबर के नतीजे ही बताएंगे.

क्यों पाटीदारों को अपने पाले में करना चाहती है कांग्रेस?

गुजरात में पटेलों की आबादी करीब 15% है. राज्य की करीब 80 सीटों पर पटेल समुदाय का प्रभाव है. पटेल बीजेपी के मुख्य वोट बैंक माने जाते रहे हैं. बीजेपी के 182 में से 44 विधायक पटेल जाति से आते हैं, लेकिन वर्तमान समय में पाटीदार बीजेपी से नाराज चल रहे हैं. ऐसी स्थिति में अगर कांग्रेस पाटीदारों को अपने पक्ष में कर लेती है तो गुजरात चुनाव में उसे इसका बड़ा फायदा मिल सकता है.

बीजेपी से क्यों नाराज हैं पाटीदार?

गुजरात में कड़वा, लेउवा और आंजना तीन तरह के पटेल हैं. आंजना पटेल ओबीसी में आते हैं. जबकि कड़वा और लेउवा पटेल ओबीसी आरक्षण की मांग कर रहे हैं. आरक्षण ना मिलने से अब पटेल बीजेपी से नाराज हैं.

फटाफट ख़बरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर और डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App
Web Title: Gujarat Assembly Elections: hardik patel’s ten close friends likely to contest in election
Read all latest Gujarat Assembly Election 2017 News headlines in Hindi. Also don’t miss today’s Hindi News.

First Published:
Next Story कोयला घोटाला: झारखंड के पूर्व सीएम मधु कोड़ा समेत 4 दोषी करार, कल होगी सजा पर बहस