jitan ram manjhi support NDA!

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By: | Updated: 13 Mar 2015 11:03 AM
नई दिल्ली: बिहार की सियासत में लगातार बदलाव दिख रहा है. विधानसभा चुनाव से पहले कई तरह के समीकरण बनते बिगड़ते दिख रहे हैं. कभी जेडीयू के खेवनहार बनकर निकले मांझी जब अपनी ही नाव डूबो दिये तो नीतीश कुमार को फिर कमान संभालना पड़ा. अब एक और खबर आ रही है.

 

जेडीयू से निष्कासित होने के बाद बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी बिहार में अपने लिए नए सिरे से राजनीतिक जमीन तलाशने की तैयारी में हैं. इसी सिलसिले में बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह से मिलने दिल्ली पहुंचे मांझी ने एबीपी न्यूज के साथ खास बातचीत मे कहा कि वो चुनाव के बाद एनडीए के साथ मिलकर सरकार बना सकते हैं.

 

बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने कहा है कि वे चुनाव के बाद बीजेपी के साथ जा सकते हैं. जीतनराम मांझी ने कहा कि उनकी पार्टी बिहार की कम से कम 125 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी.

 

हालांकि मांझी ने साफ कर दिया है कि वो साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव अकेले ही लड़ेंगे और परिणाम आने के बाद ही गठबंधन को लेकर कोई फैंसला करेंगे. लेकिन उससे पहले मांझी ने गठबंधन को लेकर बीजेपी का रूख साफ करने की मांग की है .

 

चुनाव को लेकर मांझी का संगठन हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा 20 अप्रैल को पटना के गांधी मैदान में महारैली का आयोजन करने जा रहे है. जिसके बाद ही तय किया जाएगा कि कितनी सीटों पर चुनाव लड़ना है.

 

मांझी ने बयान देकर कि उन्हें चुनाव के बाद कांग्रेस और आरजेडी के साथ भी गठबंधन से गुरेज नहीं है, गठबंधन की गेंद बीजेपी के पाले में डाल दी है यानि बीजेपी को तय करना है कि उसे मांझी का साथ देना है या नहीं.

 

आपको बता दें कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में बनी सरकार का मांझी सड़क पर भी जमकर विरोध कर रहे हैं . मांझी मंत्रिमंडल के फैसलों को रद्द करने के बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कदम के विरोध में पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी एक दिन के उपवास पर बैठे. मांझी ने हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) बनाया है.

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