आरजेडी से निकाले गए पप्पू यादव ने नई पार्टी बनाने का किया एलान

By: | Last Updated: Sunday, 17 May 2015 8:40 AM

पटना: आरजेडी से निकाले गए बिहार के मधेपुरा से सांसद पप्पू यादव ने नई पार्टी बनाने वाले हैं. पप्पू यादव आज शाम तक नई पार्टी का एलान कर सकते हैं.

बिहार में सितंबर और अक्टूबर में हो सकते हैं विधानसभा के चुनाव 

 

पटना से एबीपी न्यूज़ संवाददाता प्रकाश कुमार का कहना है कि पप्पू यादव की नई पार्टी का नाम जन अधिकार मोर्चा हो सकता है.

 

पप्पू यादव को बीते दिनों पार्टी विरोधी गतिविधि के आरोप में आरजेडी ने पार्टी से निकाल दिया था.

 

राजीव रंजन यादव उर्फ पप्पू यादव ने बीते कई महीनों से पार्टी लाइन के खिलाफ मोर्चा खोल रखा था. जब बिहार में पिछले साल नतीश कुमार ने दोबारा सीएम पद की शपथ ली तो आरजेडी नेता लालू प्रसाद यादव ने नीतीश के समर्थन का एलान किया, लेकिन पप्पू यादव ने जीतनराम मांझी गुट का खुलकर समर्थन किया था. इस दौरान पप्पू यादव पर विधायकों के खरीद फरोख्त के भी आरोप लगे.

 

बिहार में नई राजनीतिक परिस्थिती के बीच लालू प्रसाद यादव और नीतीश कुमार की पार्टियां विलय के करीब हैं, जबकि पप्पू यादव इसके खिलाफ हैं. पप्पू यादव आरजेडी में अपनी बड़ी भूमिका चाह रहे थे और यही उनकी नाराज़गी का सबब रहा.

 

बिहार के सीमांचल इलाके में पप्पू यादव की खासा पकड़ है. खुद मधेपुरा से सांसद हैं तो उनकी पत्नी कांग्रेस पार्टी से सुपौल से सांसद हैं. मधेपुरा और सुपौल के अलावा पप्पू यादव का अररिया, सहरसा, पुर्णिया और कटिहार में खासा प्रभाव है. अगर इन इलाकों में उनकी पार्टी चुनाव लड़ती है तो आरजेडी और नीतीश की पार्टी का खेल खराब हो सकता है यानी सीधे तौर पर फायदा बीजेपी को होगा.

 

दूसरी तरफ  समाचार एजेंसी पीटीआई ने मुख्य चुनाव आयुक्त के हवाले से खबर दी है कि बिहार में सितंबर और अक्टूबर में विधानसभा के चुनाव हो सकते हैं.

 

ये चुनाव क्यों अलग है?

 

बिहार विधानसभा का ये चुनाव कई मायनों में अलग होगा. 17 साल तक एक-दूसरे के गठबंधन में चुनाव लड़ने वाली पार्टियां अब न सिर्फ गठबंधन से बाहर चुनाव लड़ेंगी बल्कि मुख्य मुकाबला भी इन्ही पार्टियों के बीच होगा तो दूसरी तरफ धुरविरोधी रही पार्टियां न सिर्फ एक साथ चुनाव लड़ेंगी बल्कि पार्टी का विलय करके चुनाव मैदान में होंगी.

 

दरअसल माजरा ये है कि नीतीश की पार्टी जेडीयू और बीजेपी की राहें अलग हो जाने के बाद ये पहला विधानसभा चुनाव है. जब जेडीयू और बीजेपी का गठंबधन टूटा तो धुरविरोधी लालू नीतीश के करीब आ गए और दोनों के बीच सैद्धांतिक रुप से पार्टी के विलय होने पर करार हो चुका है. यानी अगले चुनाव में जेडीयू और आरजेडी के सामने होगी बीजेपी.

 

दूसरी ओर पूर्व सीएम जीतन राम मांझी भी नई पार्टी का गठन कर चुके हैं और वे भी चुनावी मैदान में होंगे, जबकि आरजेडी से निकाले गए पप्पू यादव ने भी नई पार्टी बनाने का एलान किया है.

 

क्या है विधानसभा की स्थिति?

 

243 सदस्यीय बिहार विधानसभा 11 सीट अभी खाली हैं. बीजेपी के पास 86 विधायक हैं.

 

जेडीयू के पास 110 विधायक हैं जबकि आरजेडी के 24, कांग्रेस के 5, सीपीआई का एक और पांच निर्दलीय विधायक हैं.

 

क्या रहे थे लोकसभा 2014 के नतीजे?

 

2014 में मोदी लहर के दौरान आरजेडी और जेडीयू अलग-अलग चुनाव लड़े थे. जेडीयू को सिर्फ दो सीटें और सोलह फीसदी वोट मिले जबकि आरजेडी को चार सीट और बीस फीसदी वोट मिले. जो अब जनता परिवार में छह सीट और 36 फीसदी वोट होते हैं. वहीं एनडीए में बीजेपी ने 22 सीटें 30 फीसदी वोट के साथ हासिल कर ली थीं. एनडीए को कुल 31 सीटें और 39 फीसदी वोट मिले थे.

India News से जुड़े हर समाचार के लिए हमे फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर फॉलो करें साथ ही हमारा Hindi News App डाउनलोड करें
Web Title: Pappu Yadav will form new party
Explore Hindi News from politics, Bollywood, sports, education, trending, crime, business, साथ ही साथ और भी दिलचस्प हिंदी समाचार
First Published:

Get the Latest Coupons and Promo codes for 2017