वाराणसी: पीएम मोदी बोले- जिस योजना का शिलान्यास किया उसका उद्घाटन भी किया

वाराणसी: पीएम मोदी बोले- जिस योजना का शिलान्यास किया उसका उद्घाटन भी किया

पीएम मोदी ने कहा, ''जब मैं बनारस में चुनाव लड़ने आया तो बड़ौदा से भी चुनाव लड़ा था. दोनों जगह से जीता. लेकिन जब एक सीट छोड़ने की बारी आई तो मैंने सोचा कि बड़ौदा की सेवा करने के लिए बहुत लोग हैं लेकिन काशी को विकास के लिए मुझे खुद को खपाना होगा.''

By: | Updated: 22 Sep 2017 06:34 PM

नई दिल्ली: दो दिन के दौरे पर अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी ने आज महामना एक्सप्रेस ट्रेन शुरू की. ये ट्रेन गुजरात को वाराणसी से जोड़ेगी. इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने ट्रेड फैसिलिटी सेंटर का भी उद्घाटन किया.


आपको बता दें प्रधानमंत्री मोदी ने ही 7 नवंबर 2014 को दीनदयाल हस्तकला संकुल नाम के इस सेंटर का शिलान्यास किया था. प्रधानमंत्री ने वाराणसी में करीब एक हजार करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया.


जिस प्रोजेक्ट का शिलान्यस करते हैं उसका उद्घाटन भी करते हैं
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ''हम जिस प्रोजेक्ट का शिलान्यस करते हैं उसका उद्घाटन भी करते हैं. वरना योजनाएं लटकती रहती हैं. दो पुलों का शिलान्यस हुआ था कई साल पहले, लेकिन सपना साकार योगी जी ने किया.''


राज्य सरकार अभिनंदन की अधिकारी
पीएम मोदी ने कहा, ''आज एक ही कार्यक्रम में एक ही मंच से एक हजार करोड़ रुपए से ज्यादा की योजनाओं का शिलान्यास होने जा रहा है. यूपी सरकार को भी इसका श्रेय जाता है. राज्य सरकार भी अभिनंदन की अधिकारी है.''


पिछली सरकारों को विकास से नफरत थी
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ''विकास हमारी सभी समस्याओं का हल है लेकिन ऐसा जान पड़ता था कि पिछली सरकारों को विकास से नफरत थी. उनकी तिजोरी चुनाव जीतने में ही खर्च हो जाती थी.''


वैश्विक बाजार मिलने से बुनकरों की वृद्धि होगी
पीएम मोदी ने कहा, ''छोटे-छोटे बुनकर और शिल्पकार जो निर्माण करते हैं अगर उसको वैश्विक बाजार नहीं मिलता तो उनका विकास लटक जाता है. हमारे बुनकरों को वैश्विक बाजार की जरुरत है जो उनकी आर्थिक संभावनाओं में उल्लेखनीय वृद्धि करेगी.''


काशी के विकास के लिए बड़ौदा छोड़ा
प्रधानमंत्री ने कहा, ''महामना एक्सप्रेस के द्वारा बड़ौदा से बनारस जुड़ेगा. जब मैं बनारस में चुनाव लड़ने आया तो बड़ौदा से भी चुनाव लड़ा था. दोनों जगह से जीता. लेकिन जब एक सीट छोड़ने की बारी आई तो मैंने सोचा कि बड़ौदा की सेवा करने के लिए बहुत लोग हैं लेकिन काशी को विकास के लिए मुझे खुद को खपाना होगा.''

फटाफट ख़बरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर और डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App
Web Title:
Read all latest India News headlines in Hindi. Also don’t miss today’s Hindi News.

First Published:
Next Story सुप्रीम कोर्ट ने बैंक अकाउंट और मोबाइल को आधार से लिंक कराने की डेडलाइन बढ़ाई