इशारों-इशारों में भारतीय कोच ने श्रीलंकाई खिलाड़ियों को लगाई लताड़

इशारों-इशारों में भारतीय कोच ने श्रीलंकाई खिलाड़ियों को लगाई लताड़

लंच और टी के सेशन के बीच बार-बार खेल रूकने पर श्रीलंका के खिलाडियों की भूमिका पर सवाल उठाते हुए भारत के गेंदबाजी कोच भरत अरूण ने कहा कि विरोध करना खिलाडियों का काम नहीं है और हालात दोनों टीमों के लिए समान थे.

By: | Updated: 03 Dec 2017 07:22 PM

नई दिल्ली: भारत और श्रीलंका के बीच दिल्ली के फिरोजशाह कोटला में खेले जा रहे तीसरे और अंतिम टेस्ट मैच के दूसरे दिन का प्रदूषण के कारण दो बार रोका गया. लंच और टी के सेशन के बीच बार-बार खेल रूकने पर श्रीलंका के खिलाडियों की भूमिका पर सवाल उठाते हुए भारत के गेंदबाजी कोच भरत अरूण ने कहा कि विरोध करना खिलाडियों का काम नहीं है और हालात दोनों टीमों के लिए समान थे.


लंच के बाद प्रदूषण के बढते स्तर के कारण श्रीलंका के खिलाडी मास्क लगाकर मैदान पर उतरे. खराब वायु गुणवत्ता के कारण 123वें और फिर 127वें ओवर में दो बार 17 और पांच मिनट के लिए खेल रोकना पड़ा.


तेज गेंदबाज लाहिरू गमागे और सुरंगा लकमल इस बीच सांस लेने में तकलीफ के कारण ओवर बीच में छोड़कर बाहर चले गए. चोटिल सदीरा समरविक्रम के मैदान पर नहीं उतरने के कारण श्रीलंका के पास फील्डर कम पड़ गए और पारी के 128वें ओवर में खेल रोकना पड़ा जिसके बाद खेल जारी रखने के लिए भारतीय कप्तान विराट कोहली ने 536 रन के स्कोर पर पारी घोषित कर दी.


भरत ने दूसरे दिन का खेल समाप्त होने के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘मुझे लगता है कि विराट ने दो दिन के करीब बल्लेबाजी की. उसे मास्क की जरूरत नहीं पड़ी. हमारा ध्यान इस पर था कि हमें क्या करना है और क्या हासिल करना है. हालात दोनों टीमों के लिए समान थे इसलिए हम इसे लेकर परेशान नहीं हैं. ’’


मैच जारी रखने को लेकर विरोधी टीम के खिलाडियों के संभावित विरोध पर भारतीय कोच ने कहा, ‘‘यह मैच रैफरी का काम है. यह खिलाड़ियों का काम नहीं है कि वे विरोध करें. जब गैरजरूरी तरीके से खेल रोका गया हम खेल जारी रखना चाहते थे क्योंकि हमारा ध्यान अच्छा प्रदर्शन करके मैच जीतने पर है. भारत के मुख्य कोच रवि शास्त्री का कहना साफ था कि मैच को जारी रखिये. हमें मैच रोकने की जरूरत नहीं है. इसे जारी रखिये.’’


यह पूछने पर कि क्या मैच जारी रखने के लिए भारत को पारी घोषित करने को बाध्य होना पड़ा. भरत ने इससे इनकार करते हुए कहा, ‘‘हमारी नजरें 550 रन के स्कोर पर थी और हम इसके काफी करीब थे इसलिए हमने पारी घोषित कर दी. ’’


श्रीलंका ने दावा किया कि गमागे और लकमल के अलावा धनंजय डिसिल्वा को भी उलटी हो रही थी जिससे उन्हें परेशानी हुई. इस बारे में पूछने पर भरत ने कहा, ‘‘ हमारा ध्यान इस पर है कि हमें क्या करना है. मुझे लगता है कि हमें यह सोचने की जरूरत नहीं है कि विरोधी टीम क्या करती है. अपने खिलाड़ियों को फिट रखना उनकी समस्या है. ’’


मोहम्मद शमी और उमेश यादव को रोटेट करने पर भरत ने कहा, ‘‘वे दोनों काफी अच्छी गेंदबाजी कर रहे हैं. शमी ने पहले टेस्ट की दूसरी पारी में शानदार स्पैल किया. वह इसके बाद रूका नहीं. हमारा मानना है कि खिलाडियों को फिट रखने के लिए उन्हें रोटेट करने की जरूरत है. इसलिए पिछले टेस्ट से शमी को आराम दिया गया और उमेश यादव खेला. इस मैच में उमेश को ब्रेक मिला और शमी खेला. शमी की लय शानदार थी और इशांत शर्मा ने भी काफी अच्छी गेंदबाजी की. ’’


यह पूछने पर कि क्या भारतीय टीम भी प्रदूषण को लेकर परेशान है. भरत ने कहा, ‘‘प्रदूषण हमारे देश में हर जगह है. मुझे नहीं लगता कि हम प्रदूषण को लेकर काफी परेशान हैं. इन मैचों का कार्यक्रम बीसीसीआई ने तैयार किया है और हमारा काम मैदान पर खेलना और खिलाडियों से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कराना है. ’’


कोहली के लगातार अच्छे प्रदर्शन के पीछे के कारण के बारे में पूछने पर भरत ने कहा, ‘‘उसकी एकाग्रता इसका पहला कारण है. वह तैयारियों पर पूरा ध्यान देता है जो अहम है. फिटनेस, मैच की तैयारी और कौशल को लेकर वह काफी स्पष्ट है. वह इसका उदाहरण है कि एक क्रिकेटर के रूप में आपको कैसा होना चाहिए.’’


रविचंद्रन अश्विन के श्रीलंका की पारी के दौरान अब तक साथी स्पिनर रविंद्र जडेजा की तुलना में बेअसर रहने पर भरत ने कहा, ‘‘अगर आप अश्विन को देखें तो वह संभवतः भारत का अधिक सफल स्पिनर है. वह काफी समझदार है. यह विकेट फिलहाल बल्लेबाजी के अनुकूल है. उसे सर्वश्रेष्ठ लाइन और लेंथ हासिल करने की जरूरत है और जब वह इसे हासिल कर लेगा तो अभी की तुलना में कहीं बेहतर प्रदर्शन करेगा. ’’

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